औरत शक्ति नहीं, साक्षात परिवर्तन है : डॉ. शिखा नरूला
- June 19, 2025
-“सशक्त महिला वो नहीं जो सबसे ज़्यादा बोलती है, बल्कि वो है जो सबसे ज़्यादा बदलाव लाती है, ख़ामोशी से।” -जब औरत अपनी पहचान खुद लिखती है, तो समाज एक नई किताब
-“सशक्त महिला वो नहीं जो सबसे ज़्यादा बोलती है, बल्कि वो है जो सबसे ज़्यादा बदलाव लाती है, ख़ामोशी से।” -जब औरत अपनी पहचान खुद लिखती है, तो समाज एक नई किताब